(नैनताल) जनपद में किस तरह से किये गए राहत-बचाव कार्य, सीएम धामी को डीएम गर्ब्याल ने दी जानकारी।

जनपद भ्रमण के दौरान मुख्यमंत्री पुष्कर सिंह धामी को आपदा राहत-बचाव कार्यों की जानकारी देते हुए जिलाधिकारी धीराज सिंह गर्ब्याल ने बताया कि आपदा के दौरान जनपद के नैनीताल शहर में नैनी झील के ऑवर फ्लो के कारण धोबी घाट क्षेत्र में बहुत तेजी से चल रहा है। धोबी घाट में रह रहे 100 परिवारों को जीजीआईसी स्कूल में शिफ्ट किया जा रहा  जिसमें से 100 लोगों को शिफ्ट किया जा चुका है।

इसी तरह रामनगर क्षेत्र के अन्तर्गत वन ग्राम सुन्दरखाल में वायुसेना के हैलीकॉप्टर एवं राफ्टिंग द्वारा 25 व्यक्तियों को एयरलिफ्ट एवं 6 व्यक्तियों को राफ्ट के माध्यम से सुरक्षित स्थानों पर पहुॅचाया गया साथ ही सुन्दरखाल के 30 परिवारों को एयरलिफ्ट करते हुए सुरक्षित स्थानों पर पहुॅचाया गया है तथा राहत शिविर संचालित किया गया है। बाड़ प्रभावित पुछड़ी क्षेत्र में राहत शिविर संचालित किया जा रहा है साथ ही ग्राम पूछड़ी नई बस्ती में 7 परिवारों की झोपड़ी, खाद्यान्न, घरेलू सामान बह गया था तथा तीन परिवार की झोपड़ियों में जल भराव हो गया था। इन 10 परिवारों के 54 पारिवारिक सदस्यों को राजकीय कन्या प्राथमिक विद्यालय पूछड़ी  राहत कैम्प में ठेहराया गया है तथा लेमन ट्री रिजोर्ट जोकि ग्राम मोहान में स्थित है, की दीवार टूटने के कारण जल भराव हो गया था।

150 व्यक्तियों को रोडवेज़ की बस से सकुशल रामनगर लाकर उन्हें वाहनों से उनके गन्तव्य को भेजा गया तथा प्रभावित क्षेत्रों में अहैतुक राशि वितरित की जा रही है। उन्होंने बताया कि लालकुआं में बाढ़ से प्रभावित 97 परिवारों को गुरूद्वारे में शिफ्ट किया गया है तथा राहत शिविर का आयोजन किया गया है व अहैतुक राशि वितरित की जा रही है। रामनगर के चुकम गांव नदी के तेज बहाव के कारण प्रभावित हो गया था तथा जिसका पहुॅच मार्ग भी नष्ट हो गया था, राफ्टों के माध्यम से रेस्क्यू कार्य किया जा रहा है तथा राहत सामाग्री पहुॅचायी जा रही है। तल्ल रामगढ़ में फंसे यात्रियों के भोजन की व्यवस्था स्थानीय स्तर पर की जा रही है,इसके अतिरिक्त राशन किट उपलब्ध कराये जा रहे हैं। ग्राम चौखुटा में 05 मजदूरों की मृत्यु हो गयी थी, उनकी बॉडी को बिहार तक पहुॅचाने के लिए जिला प्रशासन द्वारा बिहार के अधिकारियों से वार्ता कर बॉडी को दिल्ली भेजी जा रही है।

गत दिवस कैंची-भवाली मार्ग के अवरूद्ध होने से 150 वाहनों में लगभग 500 यात्री फंसे हुए थे, जिनकों रेस्क्यू किया गया तथा मार्ग हल्के वाहनों के लिए खोल दिया गया है। बोहराकोट रामगढ़ में दो व्यक्ति जो मलबे में फंस गये थे को एनडीआरएफ की टीम द्वारा निकाला गया तथा कैंची में दो व्यक्ति जो मलवे में दब गये थे को निकाल लिया गया है। उनका पंचनामा भी कर दिया गया है। उन्होंने बताया कि जनपद में विगत दिनों मूसलाधार वर्षा होने के कारण लोक निर्माण विभाग, सिंचाई, जल संस्थान, लघु सिंचाई की राजकीय परिसम्पत्तियॉ क्षतिग्रस्त हुई थीं, जिनका प्राथमिकत आंकलन 102 करोड़ किया गया है। विस्तृत आंकलन किया जा रहा है। जिस पर मुख्यमंत्री श्री धामी ने आपदा के दौरान क्षतिग्रस्त परिसम्पत्तियों का शीघ्र आंकलन करते हुए पुनर्निमाण कार्य किया जाये तथा जन हानि, पशु हानि, भवन हानि व फसल हानि का मुआवजा एवं सहायता राशि तुरन्त देने के निर्देश जिलाधिकारी को दिये।

खबर को शेयर करें ...

Leave a Reply

Your email address will not be published. Required fields are marked *

क्या आपने यह ख़बर पढ़ी

error: Content is protected !!